‘Thak Thak’ Gang Leader हुआ अरेस्ट; अब पुलिस की नज़र गैंग पर…

‘Thak Thak’ तब सुर्ख़ियों में आया था जब उसने Delhi-NCR के इलाकों में और देश के बड़े शहरों में दिन-दहाड़े कुछ लोगों को ठगा. पुलिस ने इस गैंग के 48 वर्षीय को-फाउंडर ‘Guruji’ को गिरफ्तार कर लिया है. अभियुक्त को तब गिरफ्तार किया गया जब वो कोलकाता से चोरियां कर के लौट रहा था.

पुलिस के मुताबिक़, ‘Guruji’ का असली नाम Kanhaiyan है और वो Madurai का रहने वाला है. ये वारदातें दिल्ली के इन्दरपुरी से होती थीं. Kanhaiyan अपने गैंग के मेम्बेर्स को अलग-अलग राज्यों में फ्रॉड और ठगी के लिए भेजता था और एक बार ढेर सारे पैसे ठगने के बाद वो वहां से चम्पत हो जाते थे.

गैंग को कई बार CCTV कैमरा पर देखा गया था. वो गाड़ी के ड्राइवर्स का ध्यान अलग-अलग तकनीक से बंटाते थे और फिर गाड़ी से सामान चुरा लेते थे. गैंग में कुछ महिलाएं भी थीं, जिसके चलते वो भीड़ में आसानी घुल-मिल जाते थे.

‘Thak Thak’ गैंग रोड पर पैसे फ़ेंक कर या गाड़ी के टायर पंक्चर होने का बहाना कर ड्राइवर्स का ध्यान बंटाता था. गैंग के मेम्बर गाड़ी के नीचे काला तेल भी फ़ेंक दिया करते थे और ड्राईवर को ये इशारा किया करते थे की उनके इंजन में कोई प्रॉब्लम है. ड्राईवर का ध्यान भटकाने के लिए कुछ रचनात्मक तरीके भी इस्तेमाल किये जाते थे, उनमें से एक था कार में मोटरसाइकिल से टक्कर मार देना. एक बार जब ड्राईवर का ध्यान बंट जाता था, दूसरे गैंग मेम्बेर्स गाड़ी से फ़ोन, कैश या अन्य कीमती चीज़ें चुरा लेते थे. गैंग मेम्बर पार्क की हुई गाड़ी के शीशे तोड़ कर भी चोरी कर किया करते थे.

DCP Bhisham Singh ने कहा की पुलिस को ख़ुफ़िया जानकारी मिली की अभियुक्त नयी दिल्ली रेलवे स्टेशन पर आ रहा है, उसके बाद कई टीम्स को अलर्ट कर दिया गया था. फिर जैसे ही वो Howrah-Rajdhani ट्रेन से उतरा, उसे पकड़ लिया गया. उससे एक पिस्तौल भी बरामद की गयी है. उससे फिलहाल चोरियों और उसके गैंग मेम्बर के ठिकानों के बारे में पूछताछ हो रही है.

अभियुक्त ने इस बात को कूबूला की उसने इन तरकीबों को दूसरे लोगों को सिखाया जिसके चलते ये गैंग बन पाया. अगर कोई भी गैंग मेम्बर अरेस्ट होता तो वो Kanhaiyan का नाम नहीं लेता और इसके बदले में वो गैंग मेम्बर को कानूनी मदद उपलब्ध कराता.