Fog in Andhra Pradesh! Innova Runs Under Parked Truck, Kills Four फिर से धुंध ने बनाया शिकार! कार पूरी तरह आई पार्क किये हुए ट्रक के नीचे

फिर से धुंध ने बनाया शिकार! कार पूरी तरह आई पार्क किये हुए ट्रक के नीचे

धुंध सबसे अप्रत्याशित जगहों पर और सबसे अप्रत्याशित तरीकों से आपको अपना शिकार बना सकती है और आपके साथ हो सकता है भयानक हादसा. आंध्र प्रदेश का नेल्लोर जिले में हाल में हुई भारी धुंध अल्लसुबह और इसका शिकार हुई तमिल नाडू के वेलंकन्नी से तीर्थ यात्रियों को लेकर लौट रही Toyota Innova. ख़राब विजिबिलिटी के कारण  Innova की टक्कर हुई एक स्थिर खड़े ट्रक से. ये हादसा हुआ NH16 पर, नेल्लोर रूरल पुलिस लिमिट्स के अन्दर आने वाले NTR नगर के पास.

जैसा की तस्वीरें दर्शा रही हैं, ऐसा लगता है MPV चालक ने गाड़ी सीधा फोर लेन हाईवे पर पार्क किये गए ट्रक में मार दी. ट्रक में अंडर रन प्रोटेक्शन न होने की वजह से MPV ट्रक के नीचे चली गयी जिसमें तीन लोगों की मौके पर ही तुरंत मौत हो गयी और बाकी दो गंभीर रूप से घायल हो गए. एक और ज़ख़्मी की अस्पताल में मौत हो गयी.

हादसे में मारे जाने वालों में शामिल हैं एम्. नरसम्मा (45), नेल्लोर जिले के टीपी गुदुर मंडल में वेंकन्ना पल्ले के सरपंच. जिन तीन और लोगों की मौत हुई है उनमें शामिल हैं वाहनचालक हाफिज़ (35), एम्. मल्लिकार्जुन (48), और मंजुला (35). केस फाइल हो गया है और नेल्लोर जिले की पुलिस मामले की छानबीन कर रही है.

ख़राब विजिबिलिटी की वजह से धुंध में गाड़ी चलाना बेहद खतरनाक होता है. हिदायत की जाती है की धुंध भरी सड़कों पर गाड़ी न चलाई जाये और धुंध छंटने का इंतज़ार किया जाये. अगर और कोई चारा न हो, तो इतना ध्यान रखें की आपके पास अच्छे फॉग लैम्प्स हों और गाड़ी बेहद धीरे और बहुत ध्यान से चलायें.

हाईवे पर पार्क किये गए ट्रक की बात करें तो, ये एक और हाईवे हजार्ड है जिससे ड्राइवर्स को हमेशा चौकन्ना रहना चाहिए. कई ड्राईवर ब्रेकडाउन के बाद फ़ास्ट लेन पर ट्रक रोक देते हैं, सड़क पर किसी वार्निंग साइन के बिना. आसपास के पेड़ों या पत्थरों से आनन फानन में बनाये वार्निंग साइन हाईवे पर मिलना कोई असाधारण बात नहीं है. सड़क पर इन चिन्हों को लेकर सतर्क रहे और ऐसे चिन्ह देखते ही गाड़ी धीमी कर दें.

और अंत में, बिना अंडर-रन प्रोटेक्शन के ट्रक इंडियन हाइवेज पर चलने जारी हैं जिनसे सड़क पर चलने वाले और लोगों की जानें खतरे में पड़ जाती है. यही इस दुर्भाग्यपूर्ण हादसे में भी हुआ. और इंडिया में तो पहले ही अंडर रन प्रोटेक्शन को सभी कमर्शियल गाड़ियों के लिए अनिवार्य बनाने वाले कानून हैं. वक़्त आ गया है की इस तरह के खतरों का अथॉरिटीज संज्ञान लें और कानून को सख्ती से लागु करें.

Via UNI

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